मंगलवार, 12 मई 2020

उत्तराखंड के सीएम ने मुनस्यारी के गार्डन की शेयर की तस्वीरें, उमर अब्दुल्ला बोले- आपके ट्यूलिप अच्छे हैं, पर कश्मीर जैसे नहीं

देहरादून उत्तराखंड के सीएम ने पर्यटक स्थल मुनस्यारी में बन रहे की खूबसूरत तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर की तो देखते ही देखते यह इंटरनेट पर वायरल हो गईं। इन तस्वीरों ने जम्मू-कश्मीर के पूर्व सीएम का भी ध्यान अपनी ओर खींचा। ट्यूलिप गार्डन की तस्वीरें देखकर उमर अब्दुल्ला ने चुटकी ली और ट्वीट करके कहा कि आपके ट्यूलिप अच्छे हैं, पर हम जैसे नहीं हैं कश्मीर जैसा नहीं। हालांकि, सीएम रावत ने इस ट्वीट का कोई जवाब नहीं दिया। बता दें कि उत्तराखंड के सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने शनिवार को राज्य के मुनस्यारी क्षेत्र में विकसित किए जा रहे ट्यूलिप गार्डन की तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए ट्वीट किया कि मैं अपनी स्वप्न परियोजना-मुनस्यारी स्थित ट्यूलिप गार्डन- के सफल पायलट प्रोजेक्ट की पहली तस्वीरें शेयर करते हुए बहुत खुश हूं। पंचाशूली रेंज की पृष्ठभूमि से सजा यह गार्डन दुनिया के सबसे बड़े ट्यूलिप गार्डन में से एक है और यह मुनस्यारी क्षेत्र में पर्यटन में बड़ा बदलाव लाएगा। उन्होंने लिखा कि 30 हेक्टेयर में फैले मुनस्यारी नेचर एजुकेशन एंड इको पार्क सेंटर' का एक हिस्सा ट्यूलिप गार्डन के रूप में विकसित किया जा रहा है और यह पिथौरागढ़ में बन रहे ट्यूलिप गार्डन से अलग है। इस पार्क में हट के साथ टेंट में रहने की सुविधा भी उप्लब्ध है। उमर अब्दुल्ला ने भी रावत को दी बधाई रंग-बिरंगे ट्यूलिप की तस्वीरें देखकर जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला भी रावत को बधाई देने से खुद को रोक नहीं सके। अब्दुल्ला ने कहा कि पके ट्यूलिप अच्छे हैं, पर हम जैसे नहीं हैं कश्मीर जैसा नहीं। हालांकि, सीएम रावत ने उमर अब्दुल्ला के इस ट्वीट पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। उधर, ट्विटर और फेसबुक पर इन तस्वीरों को देखकर तुरंत ही भारी संख्या में लोग इसके प्रशंसक बने गए और उन्होंने न केवल इन्हें पसंद किया बल्कि जमकर तारीफ करते हुए इन्हें शेयर भी किया। 200 वर्गमीटर के क्षेत्र बन रहा यह पायलट प्रोजेक्ट बता दें कि यह पायलट प्रोजेक्ट मुनस्यारी में 1200 वर्गमीटर के क्षेत्र में तैयार किया गया है। इसके जनक और पिथौरागढ़ के प्रभागीय वन अधिकारी विनय भार्गव ने बताया कि इस परियोजना के लिए 7000 ट्यूलिप बल्ब हॉलैंड से मंगवाए गए और सभी अंकुरित भी हो गए। उन्होंने बताया कि शुरुआत में इस परियोजना को विकसित करने का सपना दिवंगत स्थानीय विधायक और पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रकाश पंत ने देखा था। लेकिन पिछले साल जून में उनके अचानक निधन के बाद भार्गव ने इस परियोजना का प्रस्तुतिकरण मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के सामने दिया जिसे उन्होंने तत्काल सहमति प्रदान कर दी। भार्गव ने कहा कि उनका प्रयास इस परियोजना को विस्तारित करने का है जिसमें उत्तराखंड में पाए जाने वाले दूसरे खूबसूरत फूल जैसे आइरिस, लिलियम, रेननकुलुस, डेफोडिल आदि भी उगाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि इस परियोजना को इस तरह से विकसित किया जाएगा जिससे पर्यटन के साथ ही स्थानीय लोगों को रोजगार भी प्राप्त हो।


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