पटेल ने यहां संवाददाताओं से कहा कि 15 अगस्त 2015 तक राज्य में पेयजल आपूर्ति आठ प्रतिशत थी जो अब बढकर 47 प्रतिशत हो गयी है और यह राज्य सरकार के विकास के नजरिये को स्पष्ट करता है।
उन्होंने कहा कि राज्य में आगामी विधानसभा चुनाव के मददेनजर विभाग का सुझाव है कि कर्मियों को चुनाव ड्यूटी से मुक्त रखने और टेंडर में छूट मिलने से कार्य तेजी से होगा ।
पटेल ने कहा कि वह चुनाव आयोग से इस बारे में वार्ता करेंगे जिससे मूलभूत जरुरत के विषय पर तेजी से कार्य हो सके।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पानी की गुणवत्ता को बनाए रखने के लिए सभी ब्लॉक में परीक्षण प्रयोगशालाएं बनाई जाएंगी और प्रत्येक ग्राम से पांच महिलाओं को प्रशिक्षण दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व और दूरदृष्टि के कारण लक्ष्य समय से पहले पूरे हो रहे हैं तथा उतराखंड में गंगा को प्रदूषण मुक्ति के लिए नमामि गंगे में बेहतर कार्य चल रहा है ।
उन्होंने कहा कि इसी तरह के प्रयास अन्य नदियों के संदर्भ में भी किए जाएंगे ताकि ये पवित्र नदियां अविरल बहती रहें। उन्होंने कहा , ‘‘हम जो काम प्रारंभ करें उसे पूर्णता प्रदान करें ताकि लोगों को उसका लाभ मिल सके ।’’
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