गुरुवार, 28 जनवरी 2021

हरिद्वार महाकुंभ के स्‍वरूप पर संशय बरकरार... सीएम बोले- कोरोना से लड़ना पहली प्राथमिकता

पुलकित शुक्ला, हरिद्वार आधिकारिक रूप से मेला शुरू होने में महज 1 महीने का समय बचा है, लेकिन कुंभ मेले के स्वरूप को लेकर संशय अभी बरकरार है। कोरोना का वैक्सीनेशन शुरू होने के बाद जहां कुंभ मेले के पूर्ण रूप से आयोजित होने की उम्मीद की जा रही थी वहीं मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कुंभ मेले के सीमित आयोजन के संकेत दिए हैं। बुधवार को मुख्यमंत्री ने मीडिया से बात करने के दौरान कहा, 'हमारी पहली प्राथमिकता कोरोना से लड़ाई है। ऐसे में कुंभनगरी हरिद्वार को वुहान बनाने का जोखिम नहीं लिया जा सकता। केंद्र सरकार की ओर से इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर कुंभ मेले के लिए गाइडलाइन जारी की गई है। केंद्र की गाइडलाइन का पालन किया जाएगा।' श्रद्धालुओं की संख्‍या में हो सकती है कमीमुख्यमंत्री के इस बयान से स्पष्ट है कि राज्य सरकार कोरोना को लेकर किसी भी तरह का जोखिम नहीं उठाना चाहती है। हालांकि मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने यह पहले ही कह दिया था कि फरवरी महीने में समीक्षा करने के बाद ही कुंभ मेले का स्वरूप तय किया जाएगा। लेकिन केंद्र सरकार की ओर से जारी एसओपी के लागू होने से निश्चित ही श्रद्धालुओं की संख्या के लिहाज से कुंभ मेले के स्वरूप पर असर पड़ेगा। केंद्र की एसओपी के विरोध में स्थानीय व्यापारीकुंभ मेले को सुरक्षित संपन्न कराने के लिए केंद्र सरकार की ओर से हाल ही में एक एसओपी जारी की गई है। हरिद्वार के स्थानीय व्यापारी इस गाइडलाइन को अव्यावहारिक बता रहे हैं। बुधवार को स्थानीय व्यापारियों के एक समूह ने गाइडलाइन में बदलाव के लिए प्रधानमंत्री के नाम जिला प्रशासन को ज्ञापन भी सौंपा। कोविड र‍िपोर्ट पर है आपत्ति व्यापारी नेता संजीव नैयर का कहना है कि केंद्र सरकार की गाइडलाइन व्यवहारिकता से कोसों दूर है। गाइडलाइन में श्रद्धालुओं को कोविड रिपोर्ट लाना अनिवार्य किया गया है जोकि व्यवहारिक नहीं है। राजनीतिक रैलियों और किसान आंदोलनों के लिए कोई एसओपी जारी नहीं की जाती है। अगर कुंभ के लिए जारी एसओपी में बदलाव नहीं होता तो व्यापारी वर्ग इसके खिलाफ खुलकर विरोध करेगा।


from Uttarakhand News in Hindi, Uttarakhand News, उत्तराखंड समाचार, उत्तराखंड खबरें| Navbharat Times https://ift.tt/36Brs0n

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें